बिजौलिया नगर पालिका चुनाव : महिला मुखिया सहित 25 चेहरे होंगे नवगठित नगर पालिका में
ललित चावला बिजौलिया | 14 Aug 2026
बिजौलिया। नगरीय निकाय चुनाव में पालिकाध्यक्ष पद के लिए महिला आरक्षण तय होने के साथ ही अब लोगों की नजरें 25 वार्डों के पार्षद पदों के आरक्षण पर टिक गई हैं। लंबे इंतजार के बाद पहली बार होने जा रहे नगर निकाय चुनाव में पालिकाध्यक्ष की कुर्सी पर किसी भी वर्ग या जाति की महिला (अनारक्षित) के बैठने का रास्ता साफ हो गया है। ऐसे में इस बार चुनावी मुकाबला कई मायनों में खास रहने वाला है।
पालिकाध्यक्ष बनने के लिए पहले पार्षद बनना होगा। यानी अध्यक्ष की कुर्सी तक पहुंचने का रास्ता पार्षदी की गली से होकर ही गुजरेगा। यही वजह है कि संभावित महिला प्रत्याशियों के साथ-साथ उनके समर्थक भी अब वार्ड आरक्षण की तस्वीर साफ होने का इंतजार कर रहे हैं। हालांकि वार्डवार आरक्षण की आधिकारिक घोषणा के बाद ही पूरी चुनावी तस्वीर स्पष्ट होगी।
23 से बढ़कर 25 हुए वार्ड, बदलेगा समीकरण
बिजौलिया नगर पालिका में पुराने 23 वार्डों की जगह अब 25 वार्ड होंगे। वार्डों के परिसीमन के साथ ही क्षेत्र की सामाजिक, जातीय और राजनीतिक परिस्थितियों में भी बदलाव देखने को मिलेगा। वहीं SIR का असर भी आगामी निकाय चुनाव में नजर आने की संभावना है। नए परिसीमन के बाद कई वार्डों की सीमाएं और मतदाताओं का स्वरूप बदलने से पुराने चुनावी समीकरण भी प्रभावित होंगे। ऐसे में जिन दावेदारों को अपने पुराने वार्ड में मजबूत माना जाता था, उन्हें नए वार्ड की परिस्थितियों के हिसाब से रणनीति बदलनी पड़ सकती है।
पहले नगर निकाय चुनाव में बनेंगे नए समीकरण
बिजौलिया के पहले नगरीय स्वशासन चुनाव में कई पुराने समीकरण टूटते और नए समीकरण बनते दिखाई दे सकते हैं। महिला पालिकाध्यक्ष के लिए आरक्षित सीट ने चुनावी मुकाबले को और दिलचस्प बना दिया है। अब वार्ड आरक्षण जारी होने के बाद यह तय होगा कि कौन-कौन से चेहरे मैदान में उतरते हैं और किस वार्ड से किस दावेदार की दावेदारी मजबूत होती है। फिलहाल संभावित दावेदारों की नजर 25 वार्डों के आरक्षण की घोषणा पर है। इसके बाद ही बिजौलिया की चुनावी बिसात पर मोहरे पूरी तरह स्पष्ट होंगे और पालिकाध्यक्ष की दौड़ में शामिल चेहरों की तस्वीर सामने आएगी।